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Archive by category "Hindi (Sr. Secondary)" (Page 204)
मानव जीवन में मनोरंजन Manav Jeevan me Manoranjan ka Mahatva मनोरंजन, हम मनोरंजन का अर्थ इस प्रकार समझ सकते हैं कि ऐसी कोई हरकत का होना जिससे हमें अंदरूनी खुशी मिले। हम सुख का अनुभव करें! शायद । ही ऐसा कोई मनुष्य होगा जो सुखी न रहना चाहता हो। सुखी जीवन के लिए स्वास्थ्यवर्धक भोजन और अनुकूल प्राणवायु, जल की आवश्यकता होती है। मनुष्य अपने जीवनयापन के लिए, सुख सुविधाओं की...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
भारत और दलित Bharat Aur Dalit सदियों की गुलामी के बाद जब भारत ने 15 अगस्त 1947 को स्वतंत्रता प्राप्त की यह वही ऐतिहासिक क्षण था जब इतिहास ने एक नए चरण में अपने कदम बढाए थे। पर सत्य तो यह था कि उपलब्ध की गई यह स्वतंत्रता केवल राजनीतिक थी, सामाजिक और आर्थिक स्वतंत्रता को तो अभी हमें पाना था। भारत की बहुत बड़ी जनसंख्या को तो सदियों से मानवीय मानकों...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
आतंकवाद और भारत Aatankwad aur Bharat और आतंकवाद : समस्याएँ और समाधान Aatankwad : Samasyaye aur Samadhan आतंकवाद सिर्फ भारत की ही नहीं अपितु संपूर्ण विश्व की समस्या है। आतंकवाद अब देश की बहुत गंभीर समस्या बन गई है। इससे निपटने तथा इसे खत्म करने के। लिए हमारी सरकार और जनता दोनों ही कृतसंकल्प है। आतंकवाद, आतंकवादी राष्ट्रविरोधी तत्व हैं जो सिरफिरे, पागल तथा गुमराह हैं। ये पथभ्रष्ट व...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
सूचना का अधिकार Suchna Ka Adhikar और भारत में सूचना का अधिकार Bharat me Suchna ka Adhikar सूचना का अधिकार जैसे कि नाम से ही हमें पता चल जाता है कि किसी से किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त करने का अधिकार मिलना ही सूचना का अधिकार है। लोकतांत्रिक देशों में स्वीडन पहला देश था, जिसने अपने देशवासियों को 1766 में ही संवैधानिक रूप से सूचना का अधिकार प्रदान किया। आज...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
समाचार पत्र और आम आदमी Samachar Patra aur Aam Aadmi जिज्ञासा ज्ञान की पूर्ति करती है और हर आदमी की यह जन्मजात इच्छा। होती है कि उसे अपने आस-पास घटने वाली सभी बातों की जानकारी मिल जाए। इसके साथ ही वह किसी माध्यम से अपने विचारों को, भावों को अन्य तक पहुँचा सके। समाचार पत्र मनुष्य की इसी इच्छा को पूरा करने का काम करता है। समाचार पत्रों के माध्यम से...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
भ्रष्टाचार, काला धन और बाबा रामदेव Bhrashtachar, Kala Dhan Aur Baba Ramdev आज सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि विश्व में शायद ही कोई नागरिक होगा। जिसने बाबा रामदेव का नाम न सुना हो। बाबा रामदेव, न सिर्फ योगा सिखाते हैं बल्कि वह एक अच्छे नागरिक के क्या कर्त्तव्य हैं वह भी बतलाते हैं और हमें अपने देश के प्रति कर्तव्यों को सिखाते हैं। अपनी यात्रा बाबा रामदेव ने हरिद्वार से...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
मानव जीवन में विज्ञान Manav Jeevan me Vigyan और विज्ञान : वरदान या अभिशाप Vigyan : Vardan ya Abhishap विज्ञान के अनेक वरदान हैं। जिनके कारण आज के मनुष्य का जीवन बहुत ही सुविधाजनक, सुखमय और गतिशील हो गया है। मानव अब समय, स्थान और अनावश्यक श्रम से मुक्ति पा चुका है। दूरियाँ सिमट सी गई हैं। सभी विश्व एक दूसरे के निकट आ गए हैं। आज के वायुयान तो ऐसे हैं...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment
भारत में लोकतंत्र और मीडिया Bharat me Loktantra aur Media और लोकतंत्र और मीडिया लोकतंत्र यानि लोगों का तंत्र (मशीन)। लोगों द्वारा लोगों का संभाला जाना ही लोकतंत्र है। मीडिया यानि मीडियम, जिसका अर्थ है किसी दो या अनेक के बीच में रहकर संबंध बनाना। वैसे तो मीडिया अंग्रेजी शब्द है, जिसे हिन्दी में अपनाया गया है। अगर हम इसका हिन्दी रुपांतर करेंगे तो काफी लंबा हो जाएगा। पर हम इसे छोड़...
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October 18, 2018 evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo Comment