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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Tajmahal – Vishav ka Ashcharya ”, “ताजमहल – विश्व का आश्चर्य” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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ताजमहल – विश्व का आश्चर्य Tajmahal – Vishav ka Ashcharya  भारत एक ऐसा गौरवशाली देश है जिसने अपने में कई उपलब्धियों को समेट रखा है। सारे विश्व में जो किसी को नहीं मिल सकता वह केवल भारत में ही मिल सकता है। भारत के पास कई ऐसे रत्न हैं जिसका मोल शायद ही कोई लगा सके। विश्व के महान आश्चर्यों में से एक है ताजमहल। यह विश्व में अपनी अभूतपूर्व कलाकृति...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Jeevan me Ritu ka Mahatva ”, “जीवन में ऋतु का महत्व” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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जीवन में ऋतु का महत्व Jeevan me Ritu ka Mahatva  वैसे तो हर किसी के जीवन में की प्रकार के ऋतु आते हैं। ऋतु चाहे कोई भी । हो अगर वह साथ में खुशी लाए तो ही अच्छा लगता है। भारतवर्ष की अगर हम बात करें तो यहाँ छह प्रकार की अतुओं का वर्णन मिलता है। पर ऋतुराज के रूप में बसंत ऋतु को जो सम्मान मिलता है वह शायद ही...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Bharatiya Sanskriti”, “भारतीय संस्कृति” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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भारतीय संस्कृति Bharatiya Sanskriti   विश्व की प्राचीनतम संस्कृतियों की अगर हम बात करें तो भारत का पहला स्थान आता है। भारत संसार का एक प्राचीनतम विशाल देश है। इस भाँति इसको संस्कृति भी उदार, प्राचीन और गौरवशालिनी है। संस्कृति का संबंध मानवों की आत्मा और मन से होता है किन्तु सभ्यता का संबंध उसकी बाहरी वेश-भूषा, खानपान और उठने-बैठने से होता है। भारत संसार का महान् देश है। यहाँ की...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Bharatiya Gaon ”, “भारतीय गाँव” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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भारतीय गाँव Bharatiya Gaon    हमारे भारत को गाँवों का देश भी कहा जाता है। भारत की 85 प्रतिशत जनता गावों में रहती है, अतः अगर हम कहें की भारत की आत्मा, भरत के गाँवों में ही रहती है तो कोई गलत नहीं होगा। गाँव भारतीय जीवन के दर्पण भी माने जाते हैं। गाँव ही भारत की संस्कृति व सभ्यता के प्रतीक हैं। भारतीय गाँव प्रकृति की अनुपम भेटों में से...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Phool ki Atmakatha”, “फूल की आत्मकथा” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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फूल की आत्मकथा Phool ki Atmakatha मैं गुलाब हूँ। लोग मुझे पुष्पराज भी कहते हैं। क्यों कि मैं हर किस्म के फूलों से भिन्न और अधिक खुशबूदार हूँ। मैं यह गर्व से कह सकता हूँ कि मेरा जीवन भारतीय दर्शन और चिंतन के अनुरुप है। क्योंकि भारतीय दर्शन कहता है कि मनुष्य का जीवन कठिनाइयों के बीच से होता हुआ गुजरता है। मैं भी तो कांटों से बीच ही जन्म लेता...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Rupye ki Atmakatha”, “रुपये की आत्मकथा” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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रुपये की आत्मकथा Rupye ki Atmakatha   मैं रुपया हैं। मुझे सभी लोग प्यार करते हैं। मुझे पाने के लिए लोग सदैव सब कुछ करने तैयार रहते हैं। मेरा आकर्षण ही कुछ ऐसा कि लोग कुछ भी कर गुजरें। मैं अगर चाहूँ तो राजा को रंक और रंक को राजा बना सकता हैं। हर जगह सिर्फ मेरा ही बोल-बाला है। आइए, मैं आज आपको अपनी कथा सुनाता हूँ। मेरा जन्म धरती...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Sadak Ki Atmakatha”, “सड़क की आत्मकथा” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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सड़क की आत्मकथा Sadak Ki Atmakatha मैं सड़क हूँ, मेरे कई रूप आप सब को देखने को मिल सकते हैं। कहीं मैं अपने विशाल रूप में हूं तो कहीं अपने छोटे रूप में। चाहे कोई भी हो, सभी मेरा प्रयोग करते हैं। मैं कभी अपने आप को प्रयोग करने वाले से यह नहीं पूछती कि क्या वह हिन्दू है, या फिर मुसलमान, सिख है या फिर ईसाई। मैं अपने कर्म को...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Roti Ki Atmakatha”, “रोटी की आत्मकथा” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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रोटी की आत्मकथा Roti Ki Atmakatha मैं रोटी हूँ। देखने व सुनने में ही मैं कितनी सुन्दर लगती हूँ। प्रायः मुझे पाने के लिए हर कोई उत्सुक होता है। चाहे कोई कितना भी धनवान, बलवान, शौर्य वीर ही क्यों न हो, पर मेरे सेवन बिना कोई नहीं रह सकता। मानव या फिर कोई भी जीव ही क्यों न हो, पेट भरने के लिए मेरा प्रयोग ही करता है। मुझे गर्व है...
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