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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Vriksharopan ka Mahatva”, “वृक्षारोपण का महत्त्व” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

वृक्षारोपण का महत्त्व Vriksharopan ka Mahatva    वृक्षारोपण का अर्थ ० महत्त्व • वृक्षविहीन धरती का रूप • दुष्परिणाम वृक्षारोपण का अर्थ है- नए-नए वृक्षों को लगाना। वृक्षारोपण एक सामाजिक दायित्व है। पेड़-पौधों के साथ मानव का पुराना संबंध है। यदि ध्यान से देखा जाए तो वृक्षों के अभाव में जीवन की कल्पना ही नहीं की जा सकती। पेड़-पौधे मनुष्य की अनेक प्रकार की आवश्यकताओं की पूर्ति करते हैं तथा उनका पालन-पोषण...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Paryavaran”, “पर्यावरण” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

पर्यावरण Paryavaran   पर्यावरण: वन और पर्यावरण • वनों की अन्य उपयोगिता • वन संरक्षण की आवश्यकता पर्यावरण से तात्पर्य है- हमारे चारों ओर का वातावरण, जहाँ हम रहते हैं, घूमते-फिरते हैं तथा जीवन व्यतीत करते हैं। इसी वातावरण में हम श्वास लेते हैं। यदि पर्यावरण प्रदूषित हो तो जीवन बीमारियों और कठिनाइयों से भर जाता है। पर्यावरण की रक्षा के लिए हम महत्त्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। यदि हर नागरिक...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Yadi me Crorepati Hota”, “यदि में करोडपति होता” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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यदि में करोडपति होता Yadi me Crorepati Hota हाँ, आपने सच ही सुना है यदि मैं करोड़पति होता, तो आपको पता है मैं क्या करता … मेरा तो सपना ही है कि मैं करोड़पति बनूं। क्यों कि आज के भौतिक युग में धनाढ्य होना गौरव तथा सम्मान दोनों की ही बात है। परंतु यह तो सच है कि व्यक्ति केवल अपने सौभाग्य से ही नहीं बल्कि अपने कर्म से भी करोड़पति...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Yadi me Shikshak Hota”, “यदि मैं शिक्षक होता” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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यदि मैं शिक्षक होता Yadi me Shikshak Hota    हाँ, आपने सच ही सुना है यदि मैं शिक्षक होता, तो आपको पता है मैं क्या करता … मेरा तो सपना ही था कि मैं शिक्षक बनूं। क्यों कि देशभक्ति तो मेरे अंदर कूट-कूट कर भरी हुई है। मैं जड़ से ही अपने देश को मजबूत बनाना चाहता हूँ। अपने राष्ट्र के भावी कर्णधारों तथा मनु की संतानों को शिक्षा के माध्यम...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Yadi me Pradhanmantri Hota ”, “यदि मैं प्रधानमंत्री होता” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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यदि मैं प्रधानमंत्री होता Yadi me Pradhanmantri Hota  हाँ, आपने सच ही सुना है यदि मैं प्रधानमंत्री होता, तो आपको पता है मैं क्या करता … किसी भी राष्ट्र का शासनाध्यक्ष होना मतलब कांटों का ताज पहनना। विपत्तियों का पहाड़ उठाना, जलते अंगारों पर चलना, आग के दरिया में कूदना, खाई के बीचोंबीच चलना आदि के बराबर होता है। बेनजीर भुट्टो, हिटलर, गद्दाफी आदि इसके साक्षात् प्रमाण हैं। अगर हम अपने...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Karat-Karat Abhyas ke Jadpati hota sujan”, “करत-करत अभ्यास के जड़पति होता सुजान” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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करत-करत अभ्यास के जड़पति होता सुजान Karat-Karat Abhyas ke Jadpati hota sujan   अभ्यास का हमारे जीवन में बहुत महत्व है। अभ्यास से जीवन में आशा के अनुरूप परिवर्तन आते रहते हैं। अभ्यास से यदि मूर्ख व्यक्ति भी चाहे तो समझदार बन सकता है। जन्म से ही हर कार्य में कुशल व प्रवीण कम ही व्यक्ति होते हैं। हजारों में एकाध का नंबर आता है जो बिना किसी अभ्यास के ही...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Majhab nahi Sikhata, Apas me bair rakhna ”, “मजहब नहीं सिखाता, आपस में बैर रखना” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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मजहब नहीं सिखाता, आपस में बैर रखना Majhab nahi Sikhata, Apas me bair rakhna    निबंध का शीषर्क महाकवि अलामा इकबाल की कविता से लिया गया है, वे ऊर्दू के एक प्रसिद्ध शायर भी थे। यह पंक्ति एक राष्ट्रीय आंदोलन के समय पढ़ी गई थी। यह सिर्फ राष्ट्रीय आंदोलन तक ही सीमित न रहकर आज कई मायनों में सभी के लिए उपयोगी है। इस कविता, शायरी के एक एक शब्द समस्त...
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Hindi Essay/Paragraph/Speech on “Man Ke Hare Haar Hai”, “मन के हारे, हार है ” Complete Essay, Speech for Class 10, Class 12 and Graduation and other classes.

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मन के हारे, हार है  Man Ke Hare Haar Hai   प्राय: देखा जाता है कि कुछ व्यक्ति समुचित सहायता, प्रेरणा और अनुकूल वातावरण मिलने पर भी आगे नहीं बढ़ पाते। ऐसे व्यक्ति हष्ट-पुष्ट तो होते हैं, अच्छा खाते, पहनते भी हैं परंतु जीवन में कोई उपलब्धि प्राप्त नहीं कर पाते। जिसके लिए वे स्वयं ही जिम्मेदार होते हैं। वे संघर्षों से दूर भागते हैं और किसी भी भयानक परिस्थिति का...
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